गोरखपुर। अरविन्द श्रीवास्तव | शहर के सौंदर्यीकरण और सांस्कृतिक विरासत को नई पहचान देने की दिशा में नगर निगम एक महत्वाकांक्षी परियोजना पर काम कर रहा है। अयोध्या के प्रसिद्ध लता मंगेशकर चौक स्थित ‘स्वर स्ट्रीट फूड हब’ की तर्ज पर गोरखपुर में भी आधुनिक सुविधाओं से युक्त स्ट्रीट फूड हब विकसित किया जाएगा। इस परियोजना पर लगभग 4.73 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे, जिसका वित्तपोषण प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के तहत किया जाएगा।

स्थानीय खानपान को मिलेगा नया मंच
नगर निगम के अनुसार, इस परियोजना का उद्देश्य सड़क किनारे संचालित होने वाले खाद्य व्यवसायों को एक व्यवस्थित, स्वच्छ और आकर्षक स्थान उपलब्ध कराना है। इससे जहां स्थानीय स्ट्रीट फूड विक्रेताओं को बेहतर व्यापारिक माहौल मिलेगा, वहीं शहरवासियों और पर्यटकों को भी सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सुविधाएं मिल सकेंगी।
आधुनिक सुविधाओं से होगा लैस
प्रस्तावित फूड हब में मॉड्यूलर फूड कार्ट, पेयजल व्यवस्था, स्वच्छ शौचालय, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था, बैठने की सुविधा, हरित क्षेत्र और पार्किंग जैसी आधुनिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इसके अलावा पूरे परिसर को इस प्रकार डिजाइन किया जाएगा कि पैदल यात्रियों, ग्राहकों और वाहनों की आवाजाही सुगमता से हो सके।

सांस्कृतिक पहचान भी होगी शामिल
परियोजना की विशेषता यह होगी कि इसके डिजाइन में गोरखपुर की सांस्कृतिक और पारंपरिक पहचान को भी स्थान दिया जाएगा। फूड हब का स्वरूप ऐसा होगा जो शहर की विरासत और आधुनिकता के समन्वय को दर्शाएगा। इससे यह स्थान केवल खानपान का केंद्र नहीं बल्कि एक आकर्षक सार्वजनिक स्थल के रूप में भी विकसित होगा।

रोजगार और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
नगर निगम अधिकारियों का मानना है कि इस परियोजना के शुरू होने से स्थानीय खाद्य विक्रेताओं को स्थायी रोजगार के अवसर मिलेंगे। साथ ही शहर में आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए एक व्यवस्थित फूड डेस्टिनेशन उपलब्ध होगा, जिससे पर्यटन गतिविधियों को भी प्रोत्साहन मिलेगा।

जल्द भेजा जाएगा प्रस्ताव
नगर आयुक्त के अनुसार, परियोजना का विस्तृत प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है और इसे जल्द ही राज्य नगरीय विकास अभिकरण (SUDA) को भेजा जाएगा। स्वीकृति मिलने के बाद निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।

